ईस मंदिर मे मा काली स्वयं रोज आती है।अगर येvideo आपके पास आया है तो ईसे ignoreमत कीजिए।चमत्कार देखिए

हेलो एवरीवन वेलकम टू माय चैनल आज मैं
आपको बताऊंगी मां काली का एक ऐसा प्राचीन
मंदिर जहां मां काली स्वयं आती है जी हां
आपने सही सुना यह जो प्राचीन मंदिर है वह
महाराष्ट्र में है महाराष्ट्र की एक जगह

है वहां पर यह मंदिर है अभी गुप्त
नवरात्रि शुरू हो रही है 10 फेब्रुवारी से
तो मैं
चाहूंगी कि आप जो मैंने माहाकाली का एक न
दिन का या 11 दिन का जो अनुष्ठान दिया है

आप उसे करें और आपकी लाइफ में जो भी
प्रॉब्लम है व सॉल्व हो जाएगी मैं जो उसकी
लिंक है व डिस्क्रिप्शन बॉक्स में दे देती
हूं उस वीडियो को बहुत सारे लोगों ने बहुत
सारा प्यार दिया है मैं उन सभी लोगों का
सह दिल से शुक्रिया करती हूं थैंक यू सो

मच कि आपने उस महाकाली के वीडियो को इतना
सारा प्यार दिया
है और आज मैं आपको बताऊंगी कि माहाकाली का
एक ऐसा प्राचीन मंदिर जो महाराष्ट्र में

है और यहां पे जब नवरात्र आती है तब 20 20
2222 किलोमीटर लाइन लगती है मींस अगर आप
लाइन में खड़े हो तो आपका नंबर दूसरे दिन
भी आ सकता है या फिर आठ या न घंटे आपको

लाइन में कंटीन्यूअसली खड़े रहना पड़ता है
जभी भी नवरात्र होती है और जब अष्टमी आती
है तब तो पूछो ही मन 20 20 222 किमी की
लाइन लग जाती है तो यह प्राचीन मंदिर जो
है वह बहुत ज्यादा फेमस है और बहुत सारे

ऐसे लोग है जो आउट ऑफ महाराष्ट्र रहते हैं
तो उन लोगों को इस मंदिर के बारे में नहीं
पता है लेकिन यह एक जागरूक मंदिर है अगर
यहां पर आप कोई भी विश मांगते हैं तो आपकी

जो विश है वह जरूर के जरूर पूरी होती है
मैंने खुद अपने लाइफ में चेंजेज हुए होते
देखे हैं और मेरी जो दो फ्रेंड्स थी
उन्हों वो मां काली को बहुत बहुत मानती थी
पूरे दिल से मानती थी और यकीन मानिए उन

दोनों को भी गवर्नमेंट जॉब लग गई है तो
इतना पावरफुल है व
टेंपल और मैं तब इन चीजों प नहीं मानती थी
इसीलिए लेकिन डेस्टिनी में कुछ और लिखा
होता है तब मैं नहीं मानती थी फिर हमारी
लाइफ में ऐसे कुछ हो जाता है हमें हमारा

फ्यूचर पता नहीं होता है कि हमारे
डेस्टिनी में क्या लिखा है और आज मैं इस
फील्ड में आ गई
ठीक है तो यह जो मंदिर है उसके बारे में
बताती हूं मैं कि जहां पर माहाकाली खुद

आती है ठीक है तो यह जो मंदिर है यहां पर
मैं गई हुई हूं वहां पर एक मां काली की एक
प्रतिमा है ठीक है और एक दूसरी एक प्रतिमा
है ठीक है वो जो एक जो प्रतिमा है

माहाकाली की वह है सोई हुई ठीक है और वहां
पर वह महाकाली की इतनी सुंदर प्रतिमा है
इतनी सुंदर प्रतिमा है कि अगर आप उसको
देखोगे तो बस देखते ही रह जाओगे वो जो

माहा काली मात की प्रतिमा है सोई हुई वहां
पे हम अंदर थोड़ा सा वो अंडरग्राउंड है
मींस वहां पे हमें सीढ़ियों से अंदर जाना
पड़ता है और एक व एक टाइम पे एक ही लोग जा

सकता है एक लोग अंदर जा सकता है और एक ही
इंसान बाहर आ सकता है तो ऐसा छोटा सा ही
रास्ता है और अंदर मां काली की प्रतिमा जो
है वो सोई हुई है

ऐसी लेटी हुई है और अंदर भी ज्यादा जगह
नहीं है अंदर भी सिर्फ चार या पांच लोग ही
जा सकते हैं अंदर तो ऐसी है और जो जिन लोग
कुछ लोग ऐसे होते हैं जिन्हो सफोकेशन होता

है क्योंकि वो बहुत अंडरग्राउंड है और
थोड़ा सा पैक है तो कुछ लोगों को सफोकेशन
होता है तो ऐसे लोग जिन्हें सफोकेशन होता
है ऐसी जगहो पे ऐसे लोग ना जाए क्योंकि

वहां पे दम भी घुट सकता है कि कुछ-कुछ
केसेस में जिन्हें ऐसा प्रॉब्लम है अस्थमा
का
सफोकेशन होता है ऐसी जगह पर तो वो ना जाए
तो वहां से अंदर एक ही इंसान अंदर जा सकता
है और वहां से एक ही इंसान बाहर आ सकता है

क्योंकि जगह बहुत ही छोटी है और अंदर
सिर्फ चार पांच लोग ही रहते हैं तो ऐसी वो
प्रतिमा
है

तो अभी जो प्रतिमा है ठीक है आप उनके
दर्शन कर सकते हैं तो इस मंदिर में
महाकाली आती है एक बार क्या हुआ जो जिस ये
जो प्रतिमा लेटी हुई है उसी के पास में
अगर आप देखेंगे राइट साइड में एक मिट्टी

का घड़ा रहता है और वो घड़ा हमेशा पानी से
भरा रहता है ठीक है तो एक दिन पंडित जी ने
कहा कि और जो घड़ा रहता है वो सुबह

देखेंगे तो खाली होके रहता है एक दिन वहां
पंडित जी ने सोचा कि ये मैं रोज मटका यहां
पे भर के रखता हूं पानी का और ये सवेरे
खाली होकर रहता है कहीं यहां पे कोई जानवर

वानर तो नहीं आता है कहीं से छुप छुपा के
और व पानी तो नहीं पी जाता है यह सोच के
एक बार पंडित जी वहीं पर रुक गए मंदिर में
ही कि उन देखने के लिए कि कोई जानवर तो

नहीं आता है फिर जब वह रात में वही रुके
थे तब उनकी जो आंखें जो उन्होंने देखा उसे
देख के उनकी आंखें जो है वह फटी की फटी रह
गई क्योंकि उन्होंने देखा था रात को स्वयं

काली मां आई थी उन्होंने वो मिट्टी के
घड़े का ढक्कन उठाया था और मिट्ठी का घड़ा
उठा लिया था और उस घड़े में से पानी पी
लिया था स्वयं मां काली ने और उन्होंने

फिर वो घड़ा वहां पर रख दिया था उसका
ढक्कन रख दिया था और वो वहां से चली गई
थी पंडित जी के अपने आंखों पर विश्वास ही
नहीं था उन्होंने वह सब अपने आंखों से देख

लिया था जाहिर सी बात है मां काली मां
काली का तो मां काली मां को तो सब पता है
मां काली को भी पता होगा कि वो पंडित जी
उन्हें देख रहा है लेकिन हो सकता है शायद
उन्हें उसे दर्शन देने हो तभी वो उनके रूप

में उसी रूप में आई अदर वाइज मां काली तो
किसी भी रूप में आ सकती थी क्योंकि उन्हें
पता था कि वहां पर पंडित छुपा हुआ है फिर
जब सुबह होती है तो वह पंडित जो है वह

सारे लोगों को बता देता है कि यहां पे मां
काली स्वयम आती है और घड़े का पानी पीती
है यह उन्होंने सब बताया आज जो है वो
पंडित जो है वह आज हमारे बीच नहीं है

लेकिन यह जो कहानी है वो बहुत ज्यादा फेमस
है और आज भी वहां पर उस घड़े में पानी रखा
जाता है पूरा भर के और सुबरे जब देखते हैं
तो वो जो पानी होता है घड़े में का वो
पूरा का पूरा खाली रहता

है इसलिए अभी कुछ लोगों को कुछ लोग इस चीज
पे बिलीव करेंगे कुछ लोग ना करेंगे जो
मानते हैं वो करेंगे कुछ लोग नहीं करेंगे
ये मैं सिर्फ आप पे ही छोड़ती हूं क्योंकि
हर लोगों के के अलग-अलग नजरिया है हर चीज

को देखने का क्योंकि मैं भी पहले नहीं
मानती थी और फिर मानने लगी हूं क्योंकि
लाइफ में ऐसे कुछ सिचुएशन आ जाते हैं फिर
जिसे हम मानने लगते हैं क्योंकि ऐसे बहुत

सारे जगह है जहां पर साइंस भी फेल हो चुकी
है जहां पे साइंस के पास भी कोई आंसर नहीं
है इसलिए यह मैं आप पे छोड़ती हूं कि आप

इस चीज को मानते हैं या नहीं मानते हैं
अगर चैनल पर पहली बार आए है तो प्लीज चैनल
को लाइक कीजिए सब्सक्राइब कीजिए शेयर
कीजिए और इसका टारगेट मैंने 1 मिलियन

व्यूज रखा है मैं चाहूंगी कि आप लोगों के
साथ शेयर करें ताकि नेक्स्ट पार्ट में मैं
आपको बता पाऊं कि वो एगजैक्टली जो वो

टेंपल है वो महाराष्ट्र में कहां है जहां
पे आप जाके दर्शन ले सकते हैं अपनी
मनोकामना पूरी कर सकते हैं अगर आप नहीं जा
सकते तो आप बाकी लोगों के साथ शेयर करें

अगर वो भी जाते हैं और उनकी भी स् विश
पूरी हो जाती है तो उसका जो बेनिफिट है वो
आपको मिलेगा ही मिलेगा इसलिए मैं जरूर

चाहूंगी कि आप लोगों के साथ शेयर कीजिए और
चैनल प पहली बार आए हो तो प्लीज चैनल को
लाइक कीजिए सब्सक्राइब कीजिए और लोगों के
साथ भी शेयर कीजिए और जो मैंने
डिस्क्रिप्शन बॉक्स में जो लिंक डाला हुआ
है जहां पे लोगों का बहुत सारा प्यार मिला

है मुझे उस वीडियो के लिए माहाकाली की
वीडियो के लिए मैं चाहूंगी कि आप भी वो
अनुष्ठान जरूर करें उस वीडियो को भी सुने
क्योंकि 10 तारीख से अभी गुप्त नवरात्रि

शुरू हो रही है और मैं गुप्त नवरात्रि की
बहुत सारी रेमेडीज अभी आपके सामने डे टू
डे लाऊंगी इसलिए आप चैनल को सब्सक्राइब
करके रखिए क्योंकि मैं इतने सिंपल सिंपल
रेमेडीज लाती हूं जो एक छोटा बच्चा भी कर

सकता है इसलिए मैं चाहूंगी कि आप वो
रेमेडीज को फॉलो करें और खुद की लाइफ को
चेंज होते हुए देखें इसलिए आप चैनल को
सब्सक्राइब करके रखिए और बेल आइकन को भी
प्रेस कर दीजिए थैंक यू सो मच फॉर वाचिंग
दिस वीडियो

 

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