क्या मोदी ने खुद को कृष्ण बता दिया? ऐश्वर्या पर राहुल के बयान से बवाल!

क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस कदर
आत्म मुग्ध हो गए हैं कि अब वह अपनी तुलना
भगवान श्री कृष्ण से कर रहे हैं क्या
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुप्रीम

कोर्ट में भ्रष्टाचार के मामले में भगवान
श्री कृष्ण का नाम
लिया यह सवाल क्यों किया जा रहा है मैं
आपको बताता हूं दोस्तों एक समारोह में

प्रधानमंत्री शामिल होते हैं और वहां मैं
आपको बतलाता हूं क्या बयान देते हैं वोह
बयान मैं पढ़ के भी सुनाऊंगा और
प्रधानमंत्री का बयान भी सुनाऊंगा

प्रधानमंत्री ने क्या कहा वो मैं आपको पढ़
के सुनाना चाहता हूं अगर आज सुदामा श्री
कृष्ण को चावल देते और वीडियो सामने आता
तो सुप्रीम कोर्ट में पीआईएल हो जाती और

फैसला आता कि भगवान कृष्ण को भ्रष्टाचार
में कुछ दिया गया और वे भ्रष्टाचार कर रहे
थे कुछ देर के लिए कल्पना कीजिए दोस्तों
अगर इसी शब्दावली का इस्तेमाल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अलावा किसी
विपक्ष के नेता ने कहा होता किसी विपक्ष
के नेता ने ने भगवान श्री कृष्ण के नाम का
इस्तेमाल मजाक या व्यंग में ही सही
भ्रष्टाचार के संदर्भ में किया

 

होता तब क्या होता आपने कल्पना की होती तब
क्या आप अंदाजा लगा सकते हैं कि गोदी
मीडिया में किस तरह से चर्चा हो रही होती
वैसे गोदी मीडिया में क्या चर्चा हो रही
है यह भी मैं आपको बताऊंगा मगर सबसे पहले

दोस्तों मैं आपको सुनाना चाहूंगा कि
प्रधानमंत्री ने कहा क्या और प्रधानमंत्री
के इस बयान से ज्यादा मुझे जो आपत्ति जनक
उनका बयान लगा है वह बयान जो मैं आपको
पढ़कर सुनाना चाहता हूं प्रधानमंत्री ने
कहा चौधरी साहब यानी चौधरी चरण सिंह ने

प्रधानमंत्री की कुर्सी को त्याग दिया मगर
अपने उसूलों से समझौता नहीं किया उनको
राजनीतिक सौदेबाजी से नफरत थी इसकी हम
चर्चा करेंगे मगर सबसे पहले सुनिए
प्रधानमंत्री ने कहा क्या कि हर किसी के

पास कुछ कुछ देने को होता है मेरे पास कुछ
नहीं है मैं सिर्फ भावना व्यक्त कर सकता
हं प्रमोद जी अच्छा हुआ कुछ दिया नहीं
वरना जमाना ऐसा बदल गया है कि अगर आज के
युग में सुदामा श्री कृष्ण को एक पोटली
में चावल देते वीडियो निकालती सुप्रीम

कोर्ट में पीआई हो जाती और जजमेंट आता कि
भगवान कृष्ण को भ्रष्टाचार में कुछ दिया
गया और भगवान कृष्ण भ्रष्टाचार कर रहे थे
इस व्यक्त में हम जुगर रहे और अच्छा है कि

इससे दो तीन चीजें सामने उभर कर आती है
दोस्तों सबसे पहले मैं तो कुछ नहीं दे
सकता ऐसा मत कहिए
प्रधानमंत्री अभी-अभी सुप्रीम कोर्ट ने

सीक्रेट इलेक्टोरल बंड्स पर अपना फैसला
सुनाया और उन गुप्त चुनावी चंदे को
सुप्रीम कोर्ट ने हटा दिया है खत्म कर

दिया है यह कहते हुए कि कई धन्ना सेठ
सरकार को पैसा देते हैं और उसके एवज में
सरकार उन्हे फायदा पहुंचा सकती है आप जो य
कह रहे हो ना कि मैं क्या दे सकता हूं
आपकी यह बात से गौतम अडानी साहब तो
बिल्कुल भी इत्तेफाक नहीं रखेंगे मुझे
आपको यह बताने की कतई जरूरत नहीं है कि कई

औद्योगिक समझौतों में गौतम अडानी साहब को
किस तरह से तरजीह दी गई है मैं यह नहीं कह
रहा हूं गैर वाजिब तरीके से या इलीगली
तरजीह दी गई है इसलिए यह मत कहिए कि आप

क्या दे सकते हैं
फिर आपने अंत में दो बातें कही आपने
कांग्रेस के पूर्व अवसरवादी नेता प्रमोद
कृष्णन का जिक्र करते हुए कहा कि अच्छा है

कि आपने मुझे कुछ नहीं दिया और उसी संदर्भ
में आपने सुदामा और श्री कृष्ण का नाम ले
दिया तो क्या आप आचार्य प्रमोद कृष्णन को
सुदामा और खुद को भगवान कृष्ण बता रहे हैं
क्या आप भी कहीं ना कहीं उस बहाव में आ गए

हैं जिसमें आपका पूरा प्रचार तंत्र आज की
तारीख में आपके दर्जे को श्री राम और श्री
कृष्ण से भी ऊंचा देखता है मैं नहीं भूला
हूं आपके एक सोशल मीडिया हैंडल ने बाकायदा
एक तस्वीर पोस्ट की थी जिसमें राम लला की
तस्वीर आपसे छोटी थी आपसे कम दिखाई गई थी
और आपका दर्जा ऊंचा दिखाया गया था कई बार

भगवान राम को भाजपा याद करती है मगर राम
का जिक्र तक नहीं होता उस तस्वीर में
सिर्फ और सिर्फ आप दिखाई देते हैं तो कहीं
आप भी उस भावना में तो नहीं बह गए मोदी जी

ली
देते हुए किसी ने वो वीडियो ले लिया होता
और अगर वह मामला सुप्रीम कोर्ट के सामने
गया होता तो उन पर भ्रष्टाचार का मामला चल
जाता प्रधानमंत्री आपको यह बात समझनी
पड़ेगी यह जो आपने बात कही है ना यह कहने
की आजादी सिर्फ आपको है मीडिया आपको क

घरे
में नहीं रखेगा मीडिया अगर यही बात राहुल
गांधी ने कही होती यानी कि राहुल गांधी
अपने किसी फैन से मिले होते होते और

उन्होंने ये बयान दिया होता तो आप कल्पना
कीजिए राहुल गांधी को धर्म विरोधी हिंदू
विरोधी कृष्ण विरोधी न जाने किन-किन
शब्दों से नवाजा
जाता और सबसे बड़ी बात श्री कृष्ण और
भ्रष्टाचार एक ही पंक्ति में उसका नाम

लेना वाकई प्रधानमंत्री जी आपको दैवीय
शक्तियां हासिल हैं तभी आप यह सब कह देते
हैं और आपको कटघरे में नहीं रखा जाता आप
जानते हैं प्रधानमंत्री ने जो बात कही
उससे भी ज्यादा मुझे जो अजीबोगरीब बात लगी

और खबरों के लिहाज से ज्यादा इंपॉर्टेंट
वो उनका यह बयान है चौधरी चरण सिंह के
बारे में प्रधानमंत्री ने क्या कहा मैं
आपको पढ़ के सुनाना चाहता हूं
प्रधानमंत्री कहते हैं चौधरी साहब ने
प्रधानमंत्री की कुर्सी को त्याग दिया मगर
अपने उसूलों से समझौता नहीं किया उनको

राजनीतिक सौदेबाजी से नफरत
थी प्रधानमंत्री मैं आपको याद दिलाना
चाहूंगा
इत्तेफाकन जिन चौधरी चरण सिंह का आप जिक्र
कर रहे हैं उन्हीं के पोते आपकी पार्टी

में शामिल हो गए क्यों क्योंकि दो या तीन
सीटों पर अखिलेश यादव से समझौता नहीं हुआ
यानी कि उन्होंने अपनी विचारधारा के साथ
ही समझौता कर लिया याद
कीजिए जब किसान खून से लखपत 2021 में
मैदान में था तब यही जयंत चौधरी
ने उस पर कहा था कि इस तस्वीर को देखकर
मेरा खून खोल जाता है और आज जो सरकार या
जिस सरकार की पुलिस खून से लखपत उस किसान

के लिए जिम्मेदार
उसी की गोद में आकर बैठ गए और आप राजनीतिक
सौदेबाजी की बात कर रहे हैं प्रधानमंत्री
आप भूल गए कि उन्हीं चौधरी चरण सिंह के जो

पोते हैं जयंत चौधरी आज आपकी गोद में
क्यों क्योंकि वह सत्ता से दूर नहीं रह पा
रहे आप राजनीतिक सौदेबाजी की बात करते हैं
आप भूल गए ज्योतिरादित्य सिंधिया को
मुख्यमंत्री नहीं बनाई एक बनी बनाई सरकार

को गिरा दिया राज्यसभा चले गए मंत्री बन
गए
खुश आप भूल गए हेमंत बस शर्मा को इन पर तो
आपने भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे फिर क्या
हुआ आपकी पार्टी में आए आज की तारीख में
मुख्यमंत्री है ढेरों मिसाल है अशोक चौहाण
अशोक चौहाण पर आपने आदर्श हाउसिंग घोटाले

में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था आपने यह
तक कहा था कि भाई इन्होंने सैनिकों का
अपमान किया था आज वह अशोक चौहाण राजसभा जा
रहे हैं आपकी मदद से आपकी कृपा से आप
राजनीतिक सौदेबाजी की बात कर रहे हैं कुछ
और नाम गनाओ क्या हिम्मत है आप में सुनने

की आइए मिलिन
देड़ा मिलिन देड़ा इन्हें भाव नहीं मिल
रहा था एक बार और अगर कांग्रेस से टिकट
मिल भी जाती वैसे नहीं मिलनी थी क्योंकि
अरविंद सावंत को मिलने वाली है साउथ मुंबई

से तब भी नहीं
जीतते वो मिल इंदड़ा एकनाथ शिंदे कैंप में
आ गए आरपीएन सिंह जितन प्रसादा यह सब
वंशवाद के परिणाम
थे जिनकी आप खुलकर आलोचना किया करते थे
अजीत पवार छगन भुजबल नारायण राणे इनमें से
कुछ को आप ही की पुलिस ने जेल में भेजा था
आज वह आपके पाले में
है बाबा सिद्दीक कांग्रेस के नेता उन पर

एजेंसी उनकी जांच कर रही थी क्या हुआ अब
वह अजीत पवार के खेमे में शामिल हो गए
हैं माफ कीजिएगा प्रधानमंत्री आपके मुंह
से राजनीतिक सौदेबाजी शब्द शोभा नहीं देता

अब राजनीतिक अवसर वाद पर प्रधानमंत्री
नरेंद्र मोदी को कटघरे में रखने के बजाय
देखिए किस तरह का कार्यक्रम कर रही है
तस्वीर में कौन-कौन है एकनाथ शिंदे जयंत
चौधरी अजीत पंवार नितीश कुमार इनमें से

कुछ पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे
प्रधानमंत्री ने और प्रोग्राम क्या कर रही
है हर एक फ्रेंड जरूरी होता है यानी कि

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जो भी करें वो
गलत कैसे हो सकता है
आज मैंने आपको प्रधानमंत्री के सिर्फ दो
बयान सुनाया दोस्तों मगर मैं आपसे पूछना
चाहता

हूं इसकी सुख बुगा हट इसकी चर्चा आप कहीं
सुन रहे हैं जहां प्रधानमंत्री ने खुद को
श्री कृष्ण बता दिया उनका नाम भ्रष्टाचार
से जोड़ दिया सुप्रीम कोर्ट का जिक्र कर

दिया यानी कि सुप्रीम कोर्ट श्री कृष्ण
भ्रष्टाचार एक ही पंक्ति में कोई कहने की
हिम्मत कह रहा है और उसे कटघरे में नहीं
रखा जा रहा है और प्रधानमंत्री यह भी कहते
हैं कि भाई मैं तो किसी को कुछ नहीं दे
सकता

प्रधानमंत्री जो आपके साथ है उन्हें क्या
फायदा है हम सब जानते हैं और जो आपकी
आलोचना करते हैं वह चार चार साल से जेल
में है उन पर आतंकवाद की धाराएं लगा दी

जाती हैं तो यह आपका शौर्य यह आपका
वर्चस्व यह है आपकी ताकत अपने आपको को कम
करके मत आ किए
प्रधानमंत्री मीडिया क्या कर रहा है मैं
आपको बताता हूं दोस्तों राहुल गांधी का एक
बयान आया है कहां पर अमेठी में राहुल
गांधी ने कहा कि यह लोग ऐश्वर्या राय को

नचाए संदर्भ क्या है मैं आपको बताता हूं
राहुल गांधी बार-बार कह रहे हैं कि जो राम
मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा हुई वहां मंच पर
आपने किसी गरीब किसी पिछड़े जाति के

व्यक्ति को नहीं देखा आप किन लोगों को देख
रहे थे बॉलीवुड की पूरी जमात वहां पहुंची
हुई थी अमिताभ बच्चन थे ऐश्वर्या राय थे
और उसी बातचीत में बहकर राहुल गांधी ने कह
दिया कि वो लोग ऐश्वर्या राय को नचाए
इस मुद्दे पर मेरी क्या राय है दोस्तों

मैं आपको बाद में बताऊंगा मगर देखिए
अंबानी का न्यूज चैनल यह बता रहा है कि
देखिए किस तरह से महिलाओं का अपमान किया
गया

है इन लोगों को शर्म नहीं आती य सब बकवास
करते
हुए बिल्कुल भी शर्म नहीं आती जब हमारी
महिला पहलवानों को घसीटा जा रहा था दिल्ली
पुलिस की चार सट में है छह गवाया है महिला
पहलवानों की कि बृजभूषण शरण सिंह उनकी
सांस चेक करने के के बहाने उनके स्तनों को
उनके वक्ष स्थलों को छू रहा था इनको महिला
का अपमान तब नहीं दिखाई
देता यह सवाल होना चाहिए था बिलकिस बानो
के गुनहगारों को किसने रिहा किया जिन
लोगों ने उसके परिवार को मौत के घाट उतार
दिया उसकी मासूम बच्ची को उसके सामने मार
डाला उसे किसने रिहा किया बताइए किसकी
कृपा से उनके गुनाहगार रिहा हुए थे भाजपा
की कृपा से हुए थे और मैं नहीं भूला उनमें
से एक आरोपी शैलेश भट्ट वो एक ऐसे मंच पर
दिखाई दिया था जहां पर भाजपा का एक सांसद
और एक विधायक
था तब इन लोगों को महिला का अपमान नहीं
दिखाई दिया
था राहुल गांधी ने क्या कहा उस पर मैं
अपनी राय दूंगा इंतजार कीजिए मगर मैं फिर
आपसे सवाल पूछना चाहता हूं क्या ऐसे
न्यूज़ चैनल्स को महिला अपमान के बारे में
बात करने का अधिकार
है इतने बड़े-बड़े मुद्दे हो गए लंबी
चौड़ी फेहरिस्त है कुलदीप सिंह सिंगर लंबी
चौड़ी फेहरिस्त है राम रहीम बलात्कारी राम
रहीम को कौन पैरोल पर रिहा कर रहा
है तब इन वाहियात गुल्लू और का खून
खोलता है अब मैं आपको बताता हूं दोस्तों
राहुल गांधी के बयान में क्या दिक्कत है
राहुल गांधी जो जिक्र कर रहे हैं कि भाई
ऐश्वर्या राय को यह लोग नचा देते सबसे
पहली
बात ऐश्वर्या राय जब स्क्रीन पर नाचती हैं
बहुत खूबसूरत दिखती हैं बहुत एलिगेंट
दिखती हैं उन्हें अभिनय करता हुआ देख हम
सब खुश होते हैं वह हमारा मनोरंजन करती
हैं ईमानदारी से वह यह सब करकर अपनी रोजी
रोटी कमा रही हैं इसीलिए राहुल गांधी को
मेरी नसीहत मुद्दे पर बने रही इधर उधर मत
भटक आप नेता विपक्ष है आप मोरल पुलिस नहीं
है कि ऐश्वर्या राय के बारे में इस तरह के
अनर्गल बयान दे उन्हें नाचने दीजिए क्या
आप इस तरह के बयानात रणवीर सिंह पर देते
रणवीर कपूर पर देते विकी कौशल पर देते ये
लोग भी पहुंचे हुए थे यह भी जमकर नाचते
हैं क्या आप ऐसा बयान उन पर देते मगर भीड़
थी ऐश्वर्या के नाचने की बात कहनी थी आपने
बात कह
दी मैं एक बात स्पष्ट कर दूं राहुल जी
मिस्टर राहुल गांधी आपने कभी भी महिलाओं
का अपमान नहीं किया है उस रिकॉर्ड को
बरकरार रखिए भावनाओं में मत बहिए और सबसे
बड़ी बात ऐसे बयानों से
बचिए मगर हां जो गोदी मीडिया कुलदीप सिंह
सिर के खिलाफ आवाज नहीं उठा सकता राम रहीम
के खिलाफ आवाज नहीं उठा सकता बृजभूषण शरण
सिंह को कटघरे में नहीं रख सकता उसे कोई
अधिकार नहीं है महिला सम्मान की बात करने
का इस मुद्दे को अगर न्यूज़ 18 उठा रहा है
तो उसका मकसद साफ है वो सिर्फ सिर्फ
भारतीय जनता पार्टी के लिए फील्डिंग कर
रहे हैं उनके लिए वोट उगाही कर रहे हैं
दैट इज
ऑल कोई महिला सम्मान नहीं कोई महिला स्मता
नहीं अवजार शर्मा को दीजिए इजाजत नमस्कार
स्वतंत्र और आजाद पत्रकारिता का समर्थन
कीजिए सच में मेरा साथी बनिए बहुत आसान है
दोस्तों इस जॉइन बटन को दबाइए और आपके
सामने आएंगे ये तीन विकल्प इनमें से एक
चुनिए और सच के इस सफर में मेरा साथी बनिए
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