मां कालरात्रि 🕉️ तुम्हें उसे दुर करना ही होगा

मेरे बच्चे मुझे पता है तुम बहुत अकेले पड़ गए हो मुझे पता है तुम लाख संदेश देख लो तुम चाहे पूरे दिन हंस लो खुश रह लो रात में

वह अकेलापन तुम्हें जीने नहीं देता है वह अकेलापन तुम्हें सुकून से सोने नहीं देता है तुम्हारे सीने पर एक बहुत बड़ा बोझ है एक

बहुत बड़ा दर्द है जो समाज ने तुम्हें दिया है जो तुम्हारी लाख कोशिश के बाद भी खत्म नहीं हो रहा है क्योंकि वह लोग जो तुम्हें दर्द

देते हैं वह तो तुम्हारे सामने ही है तुम प्रतिफल उन्हें हंसता हुआ देख रहे हो उन्हें किसी और के साथ खुश देख रहे हो और वह तुम्हें

और मेरा दे रहा है मेरे बच्चे तुमने बचपन से बहुत कुछ कहा है तुमने बचपन से ही बहुत कुछ देखा है यह दर्द यह बाहर आज का नहीं है यह तो तुम बचपन से उठा रहे हो तुम्हारे दिल पर एक भोज है सोने का नाम ही नहीं ले रहा है तुम्हें तो कभी-कभी इतनी घुटन

होने लगती है कि तुम्हें यह जीवन ही समझ नहीं आ रहा है तुम्हें यह समझ ही नहीं आ रहा है कि तुम्हारा किसी और लेकर जा रहा है मुझे पता है तुम इस दुनिया के मुस्कुरा लो लाख मजबूत बनो पर भी तरह भीतर तुम्हारे मन में इच्छा है काश तुम्हें कोई ऐसा मिलता

जो तुम्हें समझना भोज तुम्हारे ऊपर हमेशा डाल दिया गया काश कोई ऐसा मिलता जो तुम्हारी जिम्मेदारी लेता काश तुम्हें आगे बढ़ाया होता लोगों ने तुम्हें पीछे खींचने की बजाय तुम्हें आगे बढ़ाया होता अपना हाथ दिया होता ऐसा कोई तुम्हें मिल ही नहीं तुमने

दोस्ती की उसमें भी चल मिला तुमने प्रेम किया उसमें भी चल मिला तुम्हारे परिजनों ने तुम्हारे साथ छल किया और यह सब देख कर तुम टूट गए हो तुम्हें तो अब यह लगता है कि शायद तुम ही बुरे व्यक्ति हो

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