मां काली🕉️सारे दांव पेंच चला चुकीं हैं आपके शत्रु तिलमिला रहे हैं जोर से रो रहे है

मेरे प्यारे बच्चे तुम्हारे परेशानियों का

समय अब चला गया तुम जिस बात को लेकर

परेशान हो रहे हो आज हम तुम्हें वह बात

बताने तुम्हें सब कुछ समझाने आ गए हैं हम

जानते हैं कि तुम अभी भी उसी को याद कर

रहे हो लगातार उसी के बारे में सोच रहे हो

तुम्हें अभी भी उम्मीद है कि वह

आएगा हर क्षण उसी का इंतजार है मेरे बच्चे

तुम यही सोच रहे हो ना कि जितना तुम उसे

याद करते हो क्या वह तुम्हें याद करता

होगा तुम जिससे इतना प्रेम करते हो क्या

वह तुम्हें थोड़ा सा भी प्रेम करता होगा

और तुम्हें पता नहीं कि इस बात का तुम्हें

पूर्णतः पता कैसे चले कि वह तुम्हें याद

करता है कि नहीं मेरे बच्चे इस बात को

सोचकर

तुम इतना परेशान ना हो तुम्हारे सारे

परेशानियों का आज हम हल लेकर आए हैं आज हम

तुम्हें कुछ ऐसे संकेतों के बारे में

बताएंगे

जिससे तुम्हें पता चल जाएगा कि तुम जिससे

प्रेम करते हो वह तुमसे प्रेम करता है कि

नहीं मेरे बच्चे अब जो हम कहने जा रहे हैं

उसे ध्यान पूर्वक सुनना अगर वह तुम्हें

याद करता होगा तो तुम्हें महसूस होगा कि

तुम्हें कोई याद कर रहा है तुम्हें कहीं

ना कहीं उसका नाम सुनाई पड़ जाएगा मेरे

बच्चे अगर तुम्हें ऐसा महसूस हो तो समझ

जाना कि वह तुम्हें याद कर रहा है और

दूसरा संकेत यह है कि यदि वह तुम्हें

अचानक से दिख जाए और तुम अंदर से खुश हो

जाओ बहुत ज्यादा खुशी महसूस हो तब तुम्हें

समझ जाना चाहिए कि वो निसंदेह तुम्हें

प्यार करता है और तीसरा संकेत अगर वह

तुम्हारे सपने में मुस्कुराते हुए आता है

तो मेरे बच्चे वह तुम्हें निश्चित ही याद

करता है जितना तुम उसके बारे में सोच रहे

हो उतना वह भी तुम्हारे बारे में सोच रहा

है इसलिए मेरे बच्चे परेशान ना रहो तुम

दोनों का मिलना तय है यह मेरा आशीर्वाद है

तुम दोनों का प्रेम सदैव बना रहे रा

कल्याण

हो मेरे बच्चे मैंने तुम्हारे अंदर एक

अवगुण देखा है जो तुम्हें बहुत बार लोगों

के सामने बुरा बनाता है जिसके कारण

तुम्हारे बने बनाए काम भी बिगड़ जाते हैं

मैं कभी नहीं चाहता मेरे बच्चे तुम कुछ

ऐसा करो जिससे तुम्हारे गुण अब गुण में

परिवर्तित हो जाए तुम जानते हो ना मेरे

बच्चे

किसी भी चीज की आदत जरूरत से ज्यादा होना

भी हानिकारक है तुम्हारी आदत यही है कि

तुम बहुत जल्दी गुस्सा हो जाते हो कोई गलत

करे तो गुस्सा होना स्वाभाविक है परंतु

क्या केवल गलती सामने वाले की होती है

मेरे बच्चे तुमसे भी तो कुछ गलतियां होती

हैं ना मेरे बच्चे क्रोध के समय तुम जो भी

बर्ताव जो भी व्यवहार तुम करते हो इससे

साफ पता चलता है कि क्रोध तुम्हारे जीवन

में कितना विष घोल देता है क्रोध

नकारात्मकता का ही एक हिस्सा है इससे

जितना तुम बढ़ावा

दोगे ये उतना ही तुम्हारा विनाश करता

जाएगा मेरे बच्चे मेरे बच्चे जिस कार्य के

लिए क्रोध आवश्यक हो केवल उसी पर क्रोध का

प्रयोग कर

और तुम्हारी अत

आत्मा ये अच्छे से जानती है कि किस चीज पर

तुम्हें शांत रहना चाहिए और किस चीज पर

क्रोध करना चाहिए बस उस अंतरात्मा की

पुकार को सुन्ना तुम मेरे भक्त हो और मैं

जानता हूं तुम अपने भीतर किसी भी बुराई को

नहीं रखना चाहते मेरे बच्चे मेरे संदेश को

आदेश के रूप में लेना

तभी तुम सफल हो पाओगे मेरे बच्चे सदैव खुश

रहो तुम्हारा कल्याण

हो मेरे बच्चे मैं आज तुमसे बहुत प्रसन्न

हूं और मैं तुम्हें कुछ खास बात बताना

चाहती हूं जिन बातों को आज तक मैं तुमसे

छुपाती रही तुम्हें कभी बताया नहीं

क्योंकि उन बातों को जानने का समय अब आ

चुका है और उसका कारण केवल यह है कि तुमने

वह एक ऐसा कार्य किया है जिसको करके तुमने

मेरे दिल को बहुत प्रसन्न किया है इसी

कारण मैं तुम्हें उस बात को बताना चाहती

हूं जिसे जानने के बाद तुम्हें आश्चर्य

होगा लेकिन तुम्हारी आंखें भी खुली की

खुली रह जाएंगी किस चिंता में पड़े हुए हो

सब चिंताओं को छोड़ दो

इस बात का ध्यान रखो मेरे बच्चे जिस

प्रकार तुम्हारी जन्म देने वाली मां तुमसे

कुछ नहीं छुपाती उसी प्रकार मैं भी

तुम्हारी मां होते हुए तुमसे कुछ नहीं

छुपाना चाहती और आज तो मैं वैसे ही बहुत

ज्यादा प्रसन्न हूं तो मैं कुछ तुमसे

छुपाना नहीं बल्कि तुम्हें ऐसा कुछ बताना

चाहती हूं जो आज आज तक कभी बता नहीं सकी

मेरा बच्चा इतना नादान और भोला है कि मेरे

बिना कहे कुछ बातों को समझ नहीं पाएगा

इसलिए आज मुझे कुछ बातें स्पष्ट रूप से

बता देनी जरूरी होंगी जिनको ध्यान पूर्वक

सुनना और समझना मेरे बच्चे क्योंकि यदि

तुम ध्यान से नहीं सुनोगे तो तुम्हें

बातें समझ में नहीं आएंगी और तुम्हें

लगेगा कि पता नहीं मैंने तुम्हें क्या

बताया है उसमें जो बताया है वह कुछ खास

नहीं है ऐसा आभास होगा इसलिए मैं तुम्हें

स्पष्ट रूप से इस बात को बता देना चाहती

हूं कि हर इंसान के अंदर एक अच्छाई होती

है और किसी इंसान के अंदर एक ऐसा गुण होता

है इंसान तो ईश्वर को भी प्रसन्न कर देता

है और वही गुण तुम्हारे पास है और वह गुण

है तुम्हारा सच बोलना तुम सदैव तो सच

बोलते हो उस बात से मैं बहुत ज्यादा

प्रसन्न हूं और अब समय आ गया है यह जानने

का कि तुमको बहुत जल्दी ही तुम्हारी एक

ऐसे व्यक्ति से मुलाकात होने वाली है जो

तुम तुम्हारी आर्थिक मदद करने वाला है

तुम्हारी इस स्थिति से उभरने के लिए वह

तुम्हें सहायता करेगा वह इंसान तुम्हारे

परिवार का सदस्य भी हो सकता है वह

तुम्हारे खानदान का सदस्य हो सकता है वह

तुम्हारा मित्र भी हो सकता है वह तुम्हारा

कोई भी अपना ही निजी व्यक्ति तुम्हें

तुम्हारी सहायता करने से पीछे नहीं

हटेगा और तुम्हारी सहायता करके तुम्हें

मदद करेगा क्योंकि मेरे बच्चे तुम भी तो

अपने माता-पिता के बहुत आज्ञा मानते हो

अपने माता-पिता को बहुत खुश रखते हो तो

दुनिया में जो इंसान दूसरों के साथ

खुशियां बांटते हैं उन्हें हर चीज जल्दी

ही प्राप्त होती है जो दूसरों के दुख में

दुखी होना जानता है उसकी परेशानी ज्यादा

पास नहीं आती एक ऐसा बुद्धिमान व्यक्ति जो

यह समझ लेता है कि दुख और सुख का हिसाब

क्या है कोसो दूर रहता है परेशानी से उसके

जीवन में आती नहीं है और जो कि अंधेरों

में घूमता रहता है जिसके अंदर सुख दुख का

ज्ञान नहीं होता वह भटकने में ही रह जाता

है ना तो उसके जीवन में समस्या खत्म होती

है और ना ही किए गए किसी भी काम को करने

के पश्चात भी प्रसन्न रहता है केवल दुखी

रहना उसका काम होता है और ऐसे कुछ व्यक्ति

हैं जो अपने सुख से खुश नहीं होते और

दूसरों की खुशियों से दुखी होते हैं इंसान

को हर फल अपने कर्मों के हिसाब से मिलता

है क्योंकि कर्म ठीक उसी पेड़ की तरह

जिस पेड़ पर फल उसी प्रकार लगते हैं जिस

तरह का पेड़ होता है यदि किसी फल का पेड़

होता है तो उसमें मीठे फल लगते हैं और

किसी कड़वी फल के पेड़ में केवल कड़वे ही

लगते हैं जो तुम्हारे लिए अहित कारी है

तुम्हारे जीवन को ऊंचाइयों के शिखर पर ले

जाऊंगी मैं फिर आऊंगी तुमसे मिलने सदा खुश

रहो मेरे बच्चे मेरे अगले संदेश की

प्रतीक्षा

करना

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